शनिवार, 14 अगस्त 2010

लो आ गया पंद्रह अगस्त

इस वर्ष पन्द्रह अगस्त पर हम भारत की स्वतंत्रता की ६3 वी वर्षगांठ मन रहे हैं | हम सब के लिए यह एक महतवपूर्ण दिन है लेकिन फिर भी देखा जाये तो यह सभी के लिए एक राष्ट्रीय छुट्टी है जो सबके लिए लाग अलग कारणों से महतवपूर्ण है जैसे एक  बच्चे  के लिए इस  दिन का मतलब पतंग उड़ाना और  मस्ती करना हो सकता है लेकिन इस बार १५ अगस्त कुछ खास मज़ेदार नही है| आप सोच रहे होगे की क्यों नहीं है वो इसलिए कि इस बार इस राष्ट्रीय छुट्टी को सन्डे वाले दिन जो आई है| आज कि इस व्यस्त ज़िन्दगी में भारतीयों के लिए ये छुट्टी बहुत मायने रखती है क्योंकि वो इस दिन आराम कर सकते हैं , मस्ती मार सकते हैं , आई बो कटा का खेल , खेल सकते हैं ,अपने मित्रो सम्बन्धियों से मिल सकते हैं  लेकिन इस बार मजा थोडा किरकिरा हो गया क्योकि एक छुट्टी बेकार गई | भारतीय जनता इस दिन पर चिंतन करना भूल जाती है | अपने देश का चिंतन | वो नहीं सोचती कि जो इन्ते वर्षों में हमने क्या खोया और क्या पाया | जो ओस देश का शिक्षित वर्ग है उनसे अपेक्षा है कि वें इस दिन को सिर्फ एक छुट्टी न समझे बल्कि देश के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझें और कदम उठाएं | एक तरफ  से देखा जाये तो ये रोज़गार का भी अच्छा साधन है इन दिनों हमारे तिरंगे झंडे हर जगह दिखाई दे जाता है जिससे सीजनल एम्प्लौय्मेंट बड जाती है | अभिप्राय ये है कि आज स्वतंत्रता दिवस से किसी को कुछ लेना देना नही है बल्कि एक मौका है किसी के लिए मस्ती का यो किसी के लिए रोज़गार का |

10 टिप्‍पणियां:

  1. aapke vicharo samajik paristhiti pe yvang hai.ise mai sahmat hu.is lekh mai ek sudhar ki aavsakta hai 63 ke jagah 64 hoga.(mai umeed karta hu ki aap bura nai manegi).plz

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  2. बात बिलकुल सही है. 15 अगस्त मज़े लूटने का नहीं, चिंतन करने का त्यौहार है.

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  3. janta ko kya karna chahiye kuch vikalp bhi batayiye..........
    waise maunju mudde par aapke vichar achchhe lage.
    shukriya...........

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  4. Haan baat to sahin hai. Such kahun to mujhe bhi Sanday ko 15th aug. aane per thoda sa afsoos to hota hai.

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  5. i am sorry...its not a holiday for me.there is no matter of sunday or monday..
    its only a personal views......

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  6. anshu tumne sahi kha , log aajkal swtantrta diwas ko kewal chutti ka din hi smjhte hai iski prishtibhumi me jakar har lamhe ko yaad karne ka samay aajkal kisi ke paas nahi dikhta joki hamare desh ke liye durbhagyepurn hai...

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  7. Anshu , i think your are right in saying that it's holiday for most of the Indians but i also think Indians still feel proud to be an INDIAN on the I-DAY and this thought makes them to change INDIA by doing something good for India.

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  8. ya its true most of the people take this day as holiday..............well good post..........keep going on!!!!!!!!!!!

    :)

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  9. ha dost aapne sahi kaha hai lekin ye socha hai ki aisa kyo hai? kya kisi desh me rashtrwad ho sakta hai? muze lagta hai kabhi nahi.

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